प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज नई दिल्ली के यशोभूमि में SEMICON India 2026 का उद्घाटन किया। तीन दिवसीय यह सम्मेलन भारत में सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए सहयोग, निवेश, इनोवेशन और टैलेंट डेवलपमेंट पर केंद्रित है।
इस आयोजन में 600 से अधिक प्रदर्शक, 300 अंतरराष्ट्रीय कंपनियां और 50 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधिमंडल हिस्सा ले रहे हैं। प्रदर्शनी में जापान, दक्षिण कोरिया, मलेशिया, नीदरलैंड्स, सिंगापुर और स्वीडन के छह कंट्री पवेलियन बनाए गए हैं। इसके अलावा 12 राज्य सरकारों के पवेलियन और एक अलग स्टार्टअप पवेलियन भी मौजूद है।
SEMICON India 2026 की थीम “Silicon to Systems: Building the Ecosystem” रखी गई है। सम्मेलन में ग्लोबल और भारतीय कंपनियों के साथ नीति निर्माता, निवेशक, शोधकर्ता, स्टार्टअप, शिक्षण संस्थान और छात्र शामिल हो रहे हैं।
सेमीकंडक्टर उद्योग के लिए यह आयोजन इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि चिप निर्माण से लेकर इलेक्ट्रॉनिक्स और सिस्टम डेवलपमेंट तक पूरी वैल्यू चेन को एक मंच पर लाने की कोशिश की जा रही है। वैश्विक कंपनियों की भागीदारी भारत में निवेश, तकनीकी सहयोग और सप्लाई-चेन अवसरों की दिशा में संभावित नए रास्ते खोल सकती है।
निवेशकों की नजर खास तौर पर Semiconductor Industry, Semiconductor Investment, India Semiconductor Mission, Chip Manufacturing और Electronics Manufacturing से जुड़े अवसरों पर रहेगी। सम्मेलन के दौरान सामने आने वाली घोषणाएं भारत के सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम की अगली दिशा के लिए महत्वपूर्ण संकेत दे सकती हैं।
