जून तिमाही (Q1 FY27) के नतीजों को लेकर कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने कई सेक्टरों के लिए सकारात्मक अनुमान जताया है। ब्रोकरेज के अनुसार, ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) को छोड़कर उसके कवरेज वाले शेयरों का संयुक्त शुद्ध लाभ सालाना आधार पर 14.6% बढ़ सकता है। हालांकि, OMC कंपनियों को शामिल करने पर कुल मुनाफे में 8.7% की गिरावट आने का अनुमान है।
रिपोर्ट के मुताबिक, BPCL, HPCL और Indian Oil को कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव के कारण मार्केटिंग और इन्वेंट्री नुकसान का सामना करना पड़ सकता है। यही वजह है कि पूरे बाजार के मुनाफे पर दबाव रहने की संभावना है।
कोटक का अनुमान है कि Nifty 50 कंपनियों की आय में 9.8% और BSE Sensex कंपनियों के मुनाफे में 4.8% की सालाना बढ़ोतरी हो सकती है। बैंकिंग सेक्टर में HDFC Bank, ICICI Bank और Axis Bank से एक और मजबूत तिमाही की उम्मीद है। स्वस्थ लोन ग्रोथ, स्थिर एसेट क्वालिटी और नेट इंटरेस्ट मार्जिन पर घटते दबाव से इन बैंकों का प्रदर्शन बेहतर रह सकता है।
कैपिटल गुड्स सेक्टर में Siemens, CG Power और BHEL के राजस्व में अच्छी बढ़त का अनुमान है। वहीं L&T के मुख्य EPC कारोबार में करीब 6% की वृद्धि हो सकती है, हालांकि मध्य-पूर्व में परियोजनाओं की रफ्तार कुछ प्रभावित रह सकती है। रक्षा क्षेत्र की कंपनी BEL के राजस्व में लगभग 16% की बढ़ोतरी का अनुमान है।
ऑटो सेक्टर में करीब 17% राजस्व वृद्धि की संभावना जताई गई है, लेकिन Hyundai Motor India, Tata Motors और टायर कंपनियों के मार्जिन पर बढ़ती कमोडिटी और ऊर्जा लागत का असर पड़ सकता है। सीमेंट कंपनियां जैसे UltraTech Cement, Shree Cement, Dalmia Bharat और JK Cement मजबूत मांग से लाभान्वित हो सकती हैं, जबकि टेलीकॉम सेक्टर में बढ़े हुए ARPU से आय में सुधार की उम्मीद है।

