Asian Paints Ltd. ने गुजरात के दाहेज स्थित अपने मैन्युफैक्चरिंग प्लांट में Vinyl Acetate Ethylene Emulsion (VAE) का कमर्शियल प्रोडक्शन शुरू कर दिया है। इस यूनिट की स्थापित क्षमता 1.5 लाख टन प्रति वर्ष है। कंपनी के मुताबिक, यह कदम उसकी Backward Integration रणनीति का अहम हिस्सा है।
दाहेज प्लांट में तैयार होने वाले VAE का इस्तेमाल मुख्य रूप से कंपनी की अपनी पेंट मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स में किया जाएगा। यानी इसका उद्देश्य बाहरी बिक्री बढ़ाने के बजाय कंपनी की आंतरिक जरूरतों को पूरा करना है। इसी परिसर में Vinyl Acetate Monomer (VAM) प्लांट और एथिलीन स्टोरेज एवं हैंडलिंग यूनिट भी विकसित की जा रही हैं।
इस एकीकरण से Asian Paints को बाहरी सप्लायर्स पर निर्भरता और अंतरराष्ट्रीय केमिकल कीमतों में उतार-चढ़ाव से कुछ हद तक बचाव मिल सकता है। VAE इमल्शन आधारित पेंट उत्पादों में महत्वपूर्ण कच्चा माल है, इसलिए इसकी इन-हाउस उपलब्धता से सप्लाई की स्थिरता और इनपुट कॉस्ट मैनेजमेंट बेहतर होने की संभावना है।
कंपनी का वित्तीय प्रदर्शन भी मजबूत रहा है। Q1 FY27 में कंसोलिडेटेड रेवेन्यू सालाना आधार पर 18.09% बढ़कर ₹10,782.79 करोड़ रहा, जबकि नेट प्रॉफिट 39.59% बढ़कर ₹1,559.45 करोड़ पहुंच गया। इसी अवधि में EPS 40.02% बढ़कर ₹16.06 रहा।
भारत का Paint Industry 2025 में करीब ₹918.5 अरब का था और 2030 तक ₹1,436.8 अरब पहुंचने का अनुमान है, जिसमें लगभग 9.4% CAGR बताया गया है। ऐसे माहौल में Asian Paints, VAE Plant, Backward Integration और Paint Industry Growth कंपनी की सप्लाई चेन रणनीति के प्रमुख पहलू बने हुए हैं।

