Nifty IT में 6 साल की सबसे बड़ी मासिक तेजी, AI चिंता घटी तो निवेशकों ने टेक शेयरों पर बढ़ाया दांव

Nifty IT में 6 साल की सबसे बड़ी मासिक तेजी, AI चिंता घटी तो निवेशकों ने टेक शेयरों पर बढ़ाया दांव

साल 2026 की पहली छमाही में 18 वर्षों का सबसे कमजोर प्रदर्शन देने के बाद निफ्टी आईटी इंडेक्स ने जुलाई में जोरदार वापसी की। इंडेक्स करीब 19% उछलकर छह साल की सबसे बड़ी मासिक बढ़त दर्ज करने में सफल रहा। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि AI से जुड़ी आशंकाओं के कम होने, आकर्षक वैल्यूएशन और उम्मीद से बेहतर तिमाही नतीजों ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया।

1 जुलाई 2026 को निफ्टी आईटी इंडेक्स 52 सप्ताह के निचले स्तर 25,699 पर पहुंच गया था। इसके बाद इसमें 21% से अधिक की रिकवरी देखने को मिली। पहली छमाही में इंडेक्स लगभग 31% टूट चुका था, लेकिन जुलाई में सॉफ्टवेयर और आईटी सर्विस कंपनियों में खरीदारी तेज हो गई। एशियाई सेमीकंडक्टर शेयरों में गिरावट के बाद वैश्विक निवेशकों ने अपेक्षाकृत सस्ते आईटी शेयरों का रुख किया।

मिडकैप आईटी कंपनियों में Oracle Financial Services ने 52 सप्ताह के निचले स्तर से 78% की छलांग लगाई। Subex और Ramco Systems में 75%, Coforge में 71%, जबकि Sonata Software और CE Info Systems में 50% तक तेजी दर्ज की गई। बड़ी कंपनियों में HCLTech 31%, Tech Mahindra 28%, TCS 23%, Infosys 16% और Wipro 10% चढ़े।

विश्लेषकों के अनुसार, जुलाई के निचले स्तर पर आईटी सेक्टर लगभग 18 गुना आय (P/E) पर कारोबार कर रहा था, जबकि इसका पांच वर्षीय औसत करीब 27 गुना है। यही आकर्षक वैल्यूएशन निवेशकों के लिए बड़ा आकर्षण बना। वहीं, TCS ने बताया कि उसका AI कारोबार अब 2.6 अरब डॉलर की वार्षिक रन रेट तक पहुंच चुका है। Infosys ने कहा कि उसकी आय का करीब 8.2% हिस्सा AI आधारित सेवाओं से आ रहा है, जबकि HCLTech की AI सेवाओं से आय में सालाना 62% की वृद्धि दर्ज हुई।

बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि यह तेजी फिलहाल वैल्यूएशन में सुधार और बेहतर नतीजों से प्रेरित है। हालांकि, सितंबर तिमाही में नए डील्स, AI से होने वाली वास्तविक कमाई और वैश्विक मांग में सुधार यह तय करेंगे कि यह उछाल लंबी अवधि की मजबूती में बदलता है या केवल तेज रिकवरी साबित होता है।