केंद्र सरकार ने भारत के हाई-स्पीड रेल नेटवर्क को बड़ा विस्तार देते हुए सात नए बुलेट ट्रेन कॉरिडोर को मंजूरी दे दी है। यह फैसला देश के प्रमुख आर्थिक, टेक्नोलॉजी और औद्योगिक केंद्रों के बीच यात्रा समय में भारी कटौती लाने वाला माना जा रहा है।
नई मंजूरी के तहत मुंबई-पुणे रूट पर यात्रा सिर्फ 48 मिनट में पूरी हो सकेगी, जो अभी सड़क या सामान्य रेल से कई घंटों में होती है। वहीं बेंगलुरु-चेन्नई हाई-स्पीड कॉरिडोर पर सफर 73 मिनट में पूरा होगा। मुंबई-अहमदाबाद, जो पहले से भारत की पहली बुलेट ट्रेन परियोजना के रूप में चर्चा में है, अब 1 घंटा 57 मिनट में कनेक्ट होगा।
दिल्ली-लखनऊ कॉरिडोर का सफर सिर्फ 2 घंटे में सिमट जाएगा, जबकि पुणे-हैदराबाद और बेंगलुरु-हैदराबाद जैसे बड़े आईटी और मैन्युफैक्चरिंग हब क्रमशः 2 घंटे 8 मिनट और 2 घंटे 10 मिनट में जुड़ेंगे। दिल्ली-वाराणसी का सफर 3 घंटे 15 मिनट में पूरा होगा, जबकि दिल्ली-सिलीगुड़ी रूट 6 घंटे में पूर्वोत्तर भारत के लिए रणनीतिक कनेक्टिविटी देगा।
विश्लेषकों के मुताबिक, यह विस्तार भारत की इंफ्रास्ट्रक्चर ग्रोथ स्टोरी को मजबूत करेगा और एविएशन सेक्टर के लिए प्रतिस्पर्धा बढ़ा सकता है। खासतौर पर मुंबई-पुणे और बेंगलुरु-चेन्नई जैसे कॉरिडोर एयर ट्रैवल के बराबर समय दक्षता प्रदान कर सकते हैं।
यह परियोजना सिर्फ यात्रा समय घटाने तक सीमित नहीं है, बल्कि लॉजिस्टिक्स, रियल एस्टेट, रोजगार और क्षेत्रीय निवेश को भी नई गति दे सकती है। निवेशकों के लिए यह संकेत है कि आने वाले वर्षों में रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर और संबंधित उद्योगों में बड़े अवसर उभर सकते हैं।
| High-Speed Corridor | Expected Travel Time |
| Mumbai to Pune | 48 minutes |
| Bengaluru to Chennai | 1 hour 13 minutes (73 mins) |
| Mumbai to Ahmedabad | 1 hour 57 minutes |
| Delhi to Lucknow | 2 hours |
| Pune to Hyderabad | 2 hours 8 minutes |
| Bengaluru to Hyderabad | 2 hours 10 minutes |
| Delhi to Varanasi | 3 hours 15 minutes |
| Delhi to Siliguri | 6 hours |

