FCNR-B डिपॉजिट में ICICI Bank, SBI और HDFC Bank का दबदबा, विदेशी बैंकों ने भी बढ़ाया हिस्सा

FCNR-B डिपॉजिट में ICICI Bank, SBI और HDFC Bank का दबदबा, विदेशी बैंकों ने भी बढ़ाया हिस्सा

भारत में Foreign Currency Non-Resident (Bank) यानी FCNR-B Deposit स्कीम की अवधि 31 अगस्त को खत्म होने के बाद बैंकों के बीच स्पष्ट विजेता सामने आए हैं। ब्रोकरेज रिपोर्टों के मुताबिक, RBI की रियायती स्वैप सुविधा के तहत कुल $136.4 अरब (करीब ₹12.96 लाख करोड़) का प्रवाह हुआ।

बड़े प्राइवेट बैंकों में ICICI Bank सबसे आगे रहा। Macquarie के अनुसार, बैंक ने 31 अगस्त तक करीब $17.88 अरब (₹1.70 लाख करोड़) के FCNR-B deposits जुटाए, जिससे उसे करीब 18% बाजार हिस्सेदारी मिली। यह उसके सामान्य डिपॉजिट मार्केट शेयर 7% से काफी अधिक है।

State Bank of India (SBI) ने भी करीब $9 अरब (₹86,000 करोड़) जुटाए, जो उसके $10 अरब के शुरुआती अनुमान के करीब रहा। वहीं छोटे प्राइवेट बैंक RBL Bank ने $3.4 अरब जुटाकर करीब 2.7% हिस्सेदारी हासिल की, जबकि सामान्य डिपॉजिट बाजार में उसकी हिस्सेदारी लगभग 0.5% है।

HDFC Bank का अंतिम आंकड़ा भी उम्मीद से मजबूत रहा। सूत्रों के अनुसार बैंक ने करीब $11.5–12 अरब (₹1.09–1.14 लाख करोड़) जुटाए। Jefferies के मुताबिक, स्कीम के अंतिम 10 दिनों में ही सिस्टम में $60 अरब से अधिक की नई राशि आई।

विदेशी बैंकों ने भी तेजी दिखाई। HSBC ने करीब $6.1 अरब जुटाए, जबकि Standard Chartered ने लगभग 7% incremental share हासिल किया।

इस अतिरिक्त liquidity से छोटे बैंक और NBFCs को फायदा मिल सकता है। Jefferies के अनुसार पिछले तीन महीनों में NBFC शेयरों में 15% और छोटे प्राइवेट बैंकों में 11% तेजी आई, जबकि बड़े प्राइवेट बैंकों में 5% और Nifty 50 में 2% बढ़त रही।

MOSL ने FY27 के लिए सिस्टम क्रेडिट ग्रोथ अनुमान बढ़ाकर 14.3% किया है और 15.5–16% तक जाने की संभावना जताई है।