Bank of Baroda के शेयर शुक्रवार को शुरुआती कारोबार में करीब 4% टूटकर ₹250 के आसपास आ गए। निवेशकों की चिंता बैंक द्वारा NMC Health से जुड़े लंबे कानूनी विवाद में 600 मिलियन डॉलर (करीब ₹5,700 करोड़) के सेटलमेंट को लेकर बढ़ी है। यह स्टॉक आज Nifty 500 के बड़े नुकसान वाले शेयरों में शामिल रहा।
इस गिरावट के साथ Bank of Baroda का प्रदर्शन पूरे साल दबाव में रहा है। 2026 में अब तक बैंक का शेयर 16.7% गिर चुका है, जबकि Nifty 50 में इसी दौरान करीब 7% की गिरावट दर्ज हुई है।
Bank of Baroda की कमजोरी का असर सरकारी बैंकों के पूरे सेक्टर पर दिखा। Nifty PSU Bank इंडेक्स 1.7% गिरकर दिन का सबसे कमजोर सेक्टोरल इंडेक्स बन गया। वहीं, व्यापक बाजार में मजबूती बनी रही और BSE Sensex 485 अंक चढ़कर 77,987 पर पहुंचा, जबकि Nifty 163 अंक बढ़कर 24,339 पर कारोबार करता दिखा।
सरकारी बैंकिंग शेयरों में भी दबाव दिखा। Union Bank of India 4% से ज्यादा टूटा, जबकि Punjab National Bank में 2% की गिरावट आई। State Bank of India और Canara Bank समेत कई PSU बैंक लाल निशान में रहे।
ब्रोकरेज Nomura ने स्टॉक पर ‘Neutral’ रेटिंग बरकरार रखते हुए ₹300 का टारगेट दिया है। ब्रोकरेज के अनुसार यह सेटलमेंट बैंक की नेटवर्थ का लगभग 4% है और इससे Q1FY27 की कमाई पर दबाव पड़ सकता है। हालांकि, इससे लंबे समय से चल रही कानूनी अनिश्चितता खत्म हो गई है, जो निवेशकों के लिए राहत का संकेत भी माना जा रहा है।

