NSE का ₹25,000 करोड़ से ज्यादा का मेगा IPO सितंबर में संभव, अगले हफ्ते से शुरू होगी वैश्विक निवेशकों से बातचीत

भारत के सबसे बड़े स्टॉक एक्सचेंज नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) अगले सप्ताह से अपने संभावित 3 अरब डॉलर (करीब ₹25,000 करोड़) के IPO के लिए वैश्विक निवेशकों के बीच औपचारिक मार्केटिंग अभियान शुरू कर सकता है। यह पेशकश सफल रहने पर भारत के इतिहास के सबसे बड़े IPO में शामिल हो सकती है।

सूत्रों के अनुसार, NSE अमेरिका, लंदन, सिंगापुर, हांगकांग, मध्य पूर्व और भारत में संस्थागत निवेशकों के साथ रोडशो और बैठकों का आयोजन करेगा। एक्सचेंज का लक्ष्य सितंबर में IPO लॉन्च करना है और इसके लिए निवेश बैंकों के साथ मार्केटिंग रणनीति पर चर्चा जारी है। हालांकि, ऑफर का अंतिम आकार, वैल्यूएशन और समय अभी भी बदल सकता है।

NSE इससे पहले अपना ड्राफ्ट प्रॉस्पेक्टस दाखिल कर चुका है। यह पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) आधारित IPO होगा, यानी कंपनी कोई नए शेयर जारी नहीं करेगी। मौजूदा शेयरधारक लगभग 14.89 करोड़ शेयर, जो कंपनी की करीब 6% हिस्सेदारी के बराबर हैं, बेचने की योजना बना रहे हैं।

अनलिस्टेड शेयर ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म UnlistedZone के अनुसार, ग्रे मार्केट में NSE का अनुमानित वैल्यूएशन ₹5.25 लाख करोड़ से अधिक है। इस वैल्यूएशन पर पूरा ऑफर करीब ₹30,600 करोड़ जुटा सकता है, जो 2024 में Hyundai Motor India के ₹27,870 करोड़ के रिकॉर्ड IPO से भी बड़ा होगा।

यह संभावित लिस्टिंग ऐसे समय में आ रही है जब भारत में बड़े IPO का दौर तेज हो रहा है। Jio Platforms और SBI Mutual Fund यूनिट जैसी बड़ी कंपनियों की संभावित पेशकशों के बीच NSE का IPO घरेलू और विदेशी निवेशकों की दिलचस्पी का प्रमुख केंद्र बन सकता है। यदि योजना तय समय पर आगे बढ़ती है, तो यह भारतीय पूंजी बाजार के लिए एक ऐतिहासिक मील का पत्थर साबित हो सकता है।